शिवगंज-राजस्थान शिक्षक संघ (प्रगतिशील) का राज्य स्तरीय शैक्षिक अधिवेशन का समापन संरक्षक एवं कांग्रेस नेता श्यामलाल आमेटा एवं सभा अध्यक्ष धूलिराम डांगी, प्रदेश अध्यक्ष नीरज शर्मा के आतिथ्य में राजस्थान विद्यापीठ डबोक में खुला अधिवेशन में विभिन्न प्रस्ताव पर मंथन और चर्चा हुई। संघ (प्रगतिशील) के प्रदेश मुख्य महामंत्री धर्मेंद्र गहलोत ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार पुरानी पेंशन योजना को यथावत रखने की गारंटी दे, आरजीएचएस के साथ किसी भी तरह की छेड़छाड़ बंद करने, देश की आजादी के बाद आठवां वेतन आयोग सशर्त गठन करने पर नाराजगी जाता करके बिना शर्त गठन की पुनः घोषणा करने, शिक्षकों के पारदर्शी स्थानांतरण नीति बनाने, शिक्षकों को गैर शैक्षिक कार्य मुक्त करवाने, एस आई आर नाम से कार्य के दौरान या मानसिक एवं शारीरिक दबाव अधिक होने से राजस्थान में भी बी एल ओ की मौत हुई उन्हें आर्थिक मुआवजा दिलवाने, शिक्षा की बदहाल स्थिति में नई शिक्षा नीति की उपयोगिता व्यावहारिक है, शिक्षकों की लंबित डी पी सी अविलंब करवाने, सरकार समस्त संवर्गों के रिक्त पदों पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन जारी करवाने, राज्य स्तरीय शिक्षक सम्मान प्राप्त शिक्षकों को एक अतिरिक्त वेतन वृद्धि का लाभ दिए जाने सहित अन्य मांगों पर सैकड़ो शिक्षकों से दोनों हाथ सभा के दौरान खड़े करके संगठन की प्रमुख मांगों का समर्थन किया।

अधिवेशन में संभागाध्यक्ष बालकृष्ण मीणा, जिला अध्यक्ष एवं संयोजक नरेंद्र कुमार आमेटा, जिला मंत्री राजेंद्र कुमार सालवी, विजय कुमार आमेटा, शंकर लाल खटीक, मनोहर लाल डांगी, देवीलाल भूदरा, राधा मोहन पालीवाल, सूर्य प्रकाश मीणा, सुरेश मीणा, चंदूलाल कसोटिया, छगनलाल भाटी, अमर सिंह राठौड़, देवेश खत्री, देशा राम मीणा, बीरजू राम चौधरी, सत्यनारायण बैरवा, कांतिलाल मीना, गुरु दिन वर्मा, राहुल कुमार, शकील मोहम्मद, महिपाल सिंह, इंद्रमल खंडेलवाल, बलवंत सिंह राठौड़, रमेश रांगी, अशोक त्रिवेदी, अशोक जीनगर, मंजुला गमार, योगेंद्र सिंह झाला, भेरूलाल वर्मा, रतीलाल मीना, भंवरलाल हिंडोनिया, जोराराम परमार, रघुनाथ मीणा, रमेश दहिया, सुरेश वसेटा, सत्येंद्र सिंह राठौड़, नलिन शर्मा, शैतान सिंह आढा,सहित सैकड़ो शिक्षको ने प्रस्ताव को रखा व उस पर गंभीरता से चर्चा हुई।
