सिरोही:- आज दिनांक 17.12.25 को जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में क्लिनिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट को प्रभावी रूप से लागू करने के क्रम में “जिला रजिस्ट्रीकरण प्राधिकरण ” एवं बायो मेडिकल वेस्ट रूल्स 2016 की अनुपालना में “जिला मॉनिटरिंग कमेटी ” की बैठक आयोजित हुई जिसमे जिला कलेक्टर अल्पा चौधरी ने बैठा में सख्त निर्देश दिए है कि जो प्राइवेट अस्पताल एवं प्राइवेट लैब बार बार नोटिस दिए जाने के बाद में क्लिनिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट के अंतर्गत रजिस्ट्रेशन नहीं करवा रहे है उनको सीएमएचओ एक सप्ताह का अंतिम नोटिस जारी करे । एक सप्ताह के में जो संस्थान रजिस्ट्रेशन नहीं करवाते है उनके खिलाफ़ सख्त कार्यवाही करते हुए सीज करे । अस्पताल एवं लैब से उत्पन्न हुए बायो मेडिकल वेस्ट को नियमानुसार सीटीएफ कनेक्टिविटी के तहत निस्तारण करना ही होगा ।
बैठक में नगर परिषद सिरोही के फायर ऑफिसर जालम सिंह ने बताया कि सिरोही जिले के किसी की संस्थान को फायर एनओसी के लिए अपनी एसएसओ आईडी से ऑनलाइन आवेदन करे जिसमे आधार कार्ड, भवन का स्वामित्व, प्लान ले आउट जिसमे बिल्ड अप एरिया लिखा हो, यूडी टैक्स , फायर प्लान जिसमे फायर उपकरण , नक्शा शामिल हो अटैच करे, नियमानुसार जाँच उपरांत फायर एनओसी जारी की जाएगी । ग्रामीण एवं शहर दोनों क्षेत्र के लिए फायर एनओसी जारी की जाएगी ।
पोल्युशन कंट्रोल बोर्ड के सहायक अभियंता शंकर लाल ने बताया कि किसी भी अस्पताल एवं लैब के लिए पोल्युशन कंट्रोल बोर्ड का सर्टिफिकेट आवश्यक है जिसके लिए ऑनलाइन आवेदन के साथ बायोमेडिकल वेस्ट एग्रीमेंट के साथ साथ तीस बेड के ऊपर हॉस्पिटल के लिए एसटीपी प्लांट की आवश्यकता होती है ।
सीएमएचओ डॉ दिनेश खराडी ने बताया कि क्लिनिकल एस्टेब्लिशमेंट एक्ट के तहत रजिस्ट्रेशन के लिए बायो मेडिकल वेस्ट एग्रीमेंट, पोल्युशन कंट्रोल बोर्ड का सर्टिफिकेट , फायर एनओसी के साथ साथ स्टाफ के आवश्यक दस्तावेज आवश्यक है ।एक सप्ताह के नोटिस के पश्चात सीज की कार्यवाही अमल में ली जाएगी ।
